बेंगलुरु के महालक्ष्मी हत्याकांड केस (Bengaluru Murder Case) में अब एक नया मोड़ आया है। मुख्य संदिग्ध ने बीते दिन यानी 25 सितंबर को आत्महत्या कर ली। मुख्य संदिग्ध मुक्तिराजन प्रताप रे ने ओडिशा में भद्रक जिले के भुईनपुर गांव के पास फांसी लगाकर अपनी जान दे दी।
बता दें कि पुलिस को बीते हफ्ते शनिवार को 29 साल की महिला महालक्ष्मी (Mahalaxmi) का शव बेंगलुरु में विनायक नगर स्थित उनके घर के फ्रिज में मिला। शव के तुकड़े कर उसे फ्रिज में डाला गया था। इस केस के लिए स्पेशल टीमें बनाई गई थीं। आरोपियों में से मुक्तिराजन प्रताप रे पुलिस के लिए मुख्य संदिग्ध था। जिसके बाद खबर आई की उसने आत्महत्या कर ली है।
Bengaluru Murder Case के आरोपी मुक्तिराजन ने की आत्महत्या
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खबरों की माने तो कथित तौर पर मुक्तिराजन ने पेड़ से लटक कर अपनी जान दे दी। शुरुआती जांच में ये पता चला कि मुक्तिराजन ने पुलिस से बचने के लिए सुसाइड करने का फैसला किया। फोन कर पुलिस को इस सुसाइड की जानकारी मिली। जिसके बाद पता चला कि मरने वाला शख्स Mahalaxmi मर्डर केस का मुख्य सस्पेक्ट है।
पुलिस ने शव के साथ एक बैग, नोटबुक और स्कूटी को भी अपने कब्जे में ले लिया है। खबरों की माने तो मुक्तिराजन की डायरी में उसने महालक्ष्मी के मर्डर की बात को कबूला है। डायरी में उसने सुसाइड नोट लिखा है।
जानें क्या है पूरा मामला?
21 सितंबर को 29 साल की महिला महालक्ष्मी का शव उनके घर में रखे फ्रिज में मिलता है। महिला के शव को 53 से ज्यादा टुकड़ों में फ्रिज के अंदर डाला गया था। ये कमरा 19 दिनों से बंद था। जब कमरे से बदबू आई तो आसपास के लोगों ने घर के मालिक को फोन किया और मृतक महिला की मां को कॉल कर बुलाया और गेट खुलवाया गया तो सभी हैरान हो गए।
कमरे में चारों तरफ खून के साथ बॉडी के छोटे-छोटे टुकड़े फैले थे। इसके अलावा सिंगल डोर फ्रिज में शव को अलग-अलग हिस्सों में काटकर लाश रखी गई थी। इस मामले में मुख्य संदिग्ध मुक्तिराजन प्रताप रे था। ये मॉल में महालक्ष्मी के साथ काम करता था।